हर साल १५ अगस्त के दिन हम सब भारतीय देशभक्ति के रंग में रंगे नज़र आते हैं, सदियों की गुलामी झेलने के बाद और लाखों कुर्बानियों के बाद हमनें ये आज़ादी पायी थी.
यह भारत के क्रांतिकारीयों और स्वतंत्रता सेनानियों की ही देन है कि आज भारत आजाद है। आजादी की लड़ाई लड़ते हुए देश के शूरवीरों ने कई नारे दिए, जिन्होंने लोगों में जोश और भर दिया और आजादी की लडाई में बढ़ चढ़ कर हिस्सा लेने के लिए प्रेरित किया। ये नारे आज भी खून में उबाल पैदा कर देते हैं और देश के लिए मर-मिटने की चाहत पैदा कर देते हैं।
हम आज आपके लिए स्वतंत्रता सेनानियों के कुछ ऐसे ही नारे लेकर आएं, जिन्हें पढने के बाद आपको उनके जज्बे का अंदाज़ा लगेगा और आप का सीना भी गर्व से फूल उठेगा:
1. “वंदे मातरम”- बंकिमचंद्र चटर्जी
2. “मेरे सिर पर लाठी का एक-एक प्रहार, अंग्रेजी शासन के ताबूत की कील साबित होगा” – लाला लाजपत राय
3. “दुश्मन की गोलियों का हम सामना करेंगे, आजाद ही रहे हैं, आजाद ही रहेंगे” – चंद्र शेखर आजाद
4. “अंग्रेजों भारत छोड़ो” – महात्मा गांधी
5. “तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा” – नेताजी सुभाष चंद्र बोस
6. “इंकलाब जिंदाबाद” – भगत सिंह
7. “जन-गण-मन अधिनायक जय हे” – रवींद्र नाथ टैगोर
8. “स्वराज मेरा जन्मसिद्ध अधिकार है, और मैं इसे लेकर रहूंगा” – बाल गंगाधर तिलक
9. “सारे जहां से अच्छा हिन्दोस्तां हमारा” – अल्लामा इकबाल
10. “सरफरोशी की तमन्ना, अब हमारे दिल में है” – रामप्रसाद बिस्मिल
11. “जय हिंद” – सुभाष चंद्र बोस
12. “जय जवान, जय किसान” – लाल बहादुर शास्त्री
13. “आराम हराम है” – जवाहरलाल नेहरू
14. “सत्यमेव जयते” – पंडित मदनमोहन मालवीय
15. “करो या मरो” – महात्मा गांधी