Famous Quotes | Keep Inspiring Me


किसी लेखक की सर्वप्रियता इस बात से भी देखी जाती है कि उसके वाक्‍य और पद कहावतों के रूप में कहाँ तक प्रचलित हैं। मानवचरित्र, पारस्परिक व्यवहार आदि के संबंध में जब लेखक की लेखनी से कोई ऐसा सारगर्भित वाक्य निकल जाता है जो सर्व-व्यापक हो तो वह लोगों की ज़बान पर चढ़ जाता है।

गोस्वामी तुलसीदास जी की कितनी ही चौपाइयाँ कहावतों के रूप में प्रचलित हैं। अंग्रेज़ी में शेक्सपियर के वाक्यों से सारा साहित्य भरा पड़ा है। फ़ारसी में जनता ने यह गौरव शेखसादी को प्रदान किया है। इस क्षेत्र में वह फ़ारसी के समस्त कवियों से बढ़े-चढ़े हैं।

यहाँ हम सादी के द्वारा कहे गए कुछ कथनों का फारसी और हिंदी अर्थ प्रकाशित कर रहे हैं। 

 

फारसी: आनांकि ग़नी तरन्द मुहताज तरन्द।

हिंदी में भावार्थ: जो अधिक धनाडय हैं वही अधिक मोहताज है।

 

फारसी: हर ऐब कि सुल्तां बेपसन्दद हुनरस्त।

हिंदी में अर्थ: यदि राजा किसी ऐब को भी पसंद करे तो वह हुनर हो जाता है।

 

फारसी: हाजमे मश्शाता नेस्त रूय दिलाराम रा।

हिंदी में भावार्थ: सुंदरता बिना शृंगार ही के मन को मोहती है।
[ads-post]

सम्बंधित दोहा:
स्वाभाविक सौंदर्य जो सोहे सब अंग माहिं।

तो कृत्रिम आभरन की आवश्यकता नाहिं।

 

फारसी: परतवे नेकां न गीरद हरकि बुनियादश बदस्त।

हिंदी में भावार्थ:जिसकी अस्ल खराब है उस पर सज्जनों के सत्संग का कुछ असर नहीं होता।

 

फारसी:दुश्मन न तवां हकीरो बेचारा शुमुर्द।

हिंदी में भावार्थ: शत्रु को कभी दुर्बल न समझना चाहिये।

 

फारसी:आकश्बत गुगज़दा गुर्ग शवद।

हिंदी में भावार्थ: भेड़िये का बच्चा भेड़िया ही होता है।

 

फारसी:दर बाग़ लाला रोयदो दर शोर बूम ख़रा ।

हिंदी में भावार्थ: लाला फल बाग़ में उगता है, ख़स ज़ो घास है, ऊसर में।

 

फारसी: तवंगरी बदिलस्त न बमाल,

बुजुर्गी बअकलस्त न बसाल।

हिंदी में भावार्थ: धनी होना धन पर नहीं वरन् हृदय पर निर्भर है, बड़प्पन अवस्था पर नहीं वरन् बुध्दि पर निर्भर है।

सम्बंधित दोहा:

सघन होन तैं होत नहिं, कोऊ लच्छ मीवान।

मन जाको धनवान है, सोई धनी महान॥

 

फारसी:हसूद रा चे कुनम को ज़े खुद बरंज दरस्त।

हिंदी में भावार्थ: ईष्यालु मनुष्य स्वयं ही ईष्या-अग्नि में जला करता है। उसे और सताना व्यर्थ है।

 

फारसी:क़द्रे आफियत आंकसे दानद कि बमुसीबते गिरफ्तार आयद।

हिंदी में भावार्थ: दुख भोगने से सुख के मूल्य का ज्ञान होता है।

फारसी: 

चु अज़बे बदर्द आबुरद रोज़गार,

दिगर अज़वहारा न मानद करार।

हिंदी में भावार्थ: जब शरीर के किसी अंग में पीड़ा होती है तो सारा शरीर व्याकुल हो जाता है।

फारसी:

हर कुजा चश्मए बुवद शीरीं,

मरदुमों मुर्गों मोर गिर्दायन्द।

विमल मधुर जल सों भरा, जहाँ जलाशय होय।

पशु पक्षी अरु नारि नर, जात तहाँ सब कोय॥
फारसी:

आंरा कि हिसाब पाकस्त अज़ मुहासिबा चेबाक।

हिंदी में भावार्थ: जिसका लेखा साफ है उसे हिसाब समझाने वाले का क्या डर?

फारसी:

दोस्त आं बाशद गीरद दस्ते दोस्त।

पर परेशां हालि ओ दर मांदगी।

हिंदी में भावार्थ: मित्र वही है जो विपत्ति में काम आवे।

फारसी:

तोपाक बाश बिरादर! मदार अज़ कस बाक,

ज़नन्द जामये नापाक गाजुरां बरसंग।

हिंदी में भावार्थ: तू बुराइयों से दूर रहे तो तेरा कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता। धोबी केवल मैले कपड़े को पत्थर पर पटकता है।

फारसी:

चु अज़ कशैमे यके बेदानिशी कर्द,

न केहरा मन्जिलत मानद न मेहरा।

हिंदी में भावार्थ: किसी जाति के एक आदमी से बुराई हो जाती है तो सारी की सारी जाति बदनाम हो जाती है। न छोटे की इज्जत रहती है न बड़े की।

फारसी:

पाय दर ज़ोर पेशें दोस्ता,

बेह कि बा बेगानगां बोस्तां।

हिंदी में भावार्थ: मित्रों के साथ बन्दीगृह भी स्वर्ग है पर दूसरों के साथ उपवन नरक समान है।

फारसी:

नेक बाशी व बदत गोयद ख़ल्‍क,

    बेह कि बद बाशी व नेकत गोयन्द।

हिंदी में भावार्थ: सन्मार्ग पर चलते हुए अगर लोग बुरा कहें तो यह उससे अच्छा है कि कुमार्ग पर चलते हुए लोग तुम्हारी प्रशंसा करें।
इसे भी पढ़ें: रतन टाटा के ६० से अधिक अनमोल विचार ~ 60+ Ratan Tata Quotes In Hindi

 

फारसी: बातिलस्त उद्बचे मुद्दई गोयद,

हिंदी में भावार्थ: विपक्षी की बात मिथ्या समझी जाती है।

फारसी:

मर्द बायद कि गीरद अन्दर गोश,

गर नविश्तास्त पन्द बर दीवार।

हिंदी में भावार्थ: मनुष्य को चाहिए कि यदि दीवार पर भी उपदेश लिखा हुआ मिले तो उसे ग्रहण करे।

Other Shekh Sadi Hindi Quotes & Sayings

फारसी:हमरह अगर शिताब कुनद हमरहे तो नेस्त।

हिंदी में भावार्थ: तेरा साथी जल्दी करता है तो वह तेरा साथी नहीं है।

फारसी:

हक्‍का कि बा डकूबत दोज़ख बराबरस्त,

रफतन ब पायमर्दी हमसाया दर बहिश्त।

हिंदी में भावार्थ: पड़ोसी की सिफारिश से स्वर्ग में जाना नरक में जाने के तुल्य है।

फारसी:

रिज्‍क हरचन्द बेगुमां बरसद,

शर्ते अक्‍़लस्त जुस्तन अज़ दरहा।

हिंदी में भावार्थ: यद्यपि भूखों कोई नहीं मरता, ईश्‍वर सबकी सुधि लेता है, तथापि बुध्दिमान आदमी का धर्म है कि उसके लिए प्रयत्न करे।

 

फारसी:बदोजद तमा दीदए होशमन्द।

हिंदी में भावार्थ: तृष्णा चतुर को भी अंधा बना देती है।

 

फारसी:गरदने बेतमा बुलन्द बुवद।

हिंदी में भावार्थ: निस्पृह मनुष्य का सिर सदा ऊंचा रहता है।

फारसी:

निकोई बा बदां करदन चुनानस्त,

कि बद करदन बजाए नेक मरदां।

हिंदी में भावार्थ: दुर्जनों के साथ भलाई करना सज्जनों के साथ बुराई करने के समान है।

 

फारसी: यके नुकसाने माया दीगर शुभातते हमसाया।

हिंदी में भावार्थ: गांठ से धन जाय लोग हंसें।

फारसी:खश्ताये बजुर्गां गिरफ्तन ख़तास्त।

हिंदी में भावार्थ: बड़ों का दोष दिखाना दोष है।

फारसी:

ख़रे ईसा अगर बमक्का श्‍वद,

चूं बयायद हनोज़ खर बाशद।

हिंदी में भावार्थ: कौआ कभी हंस नहीं हो सकता।

 

फारसी:जौरे उस्ताद बेह ज़महरे पिदर।

हिंदी में भावार्थ: गुरु की ताड़ना पिता के प्यार से अच्छी है।

फारसी:

करीमांरा बदस्त अन्दर दिरम नेस्त,

खुदा बन्दा न्याम तरा करम नेस्त।

हिंदी में भावार्थ: दानियों के पास धन नहीं होता और धनी दानी नहीं होते।

 

फारसी: परागन्दा रोज़ों परागन्दा हिल।

हिंदी में भावार्थ: वृत्तिहीन मनुष्य का चित्‍त स्थिर नहीं रहता।

फारसी:

पेशे दीवार उद्बचे गोई होशदार,

ता न बाशद दर पसे दीवार गोश।

हिंदी में भावार्थ: दीवार के भी कान होते हैं, इसका ध्‍यान रख।

फारसी:

कि खुब्स नफ़श न गरदद ब सालहा मालूम।

हिंदी में भावार्थ: स्वभाव की नीचता बरसों में भी नहीं मालूम होती।

फारसी:

मुश्क आनस्त कि खुद बबूयद न कि अत्‍तर बगोयद।

हिंदी में भावार्थ: कस्तूरी की पहचान उसकी सुगन्धि से होती है गान्धी के कहने से नहीं।

फारसी:

कि बिसियार ख्वारस्त बिसियार ख्वार।

हिंदी में भावार्थ: बहुत खानेवाले आदमी का कभी आदर नहीं होता।
इसे भी पढ़ें: महान दार्शनिक लाओत्से के 50+ अनमोल विचार और कथन!

फारसी:

कुहन जामए खशेश आ रास्तन,

बेह अज़ जामए आरियत ख्‍़वास्तन।

हिंदी में भावार्थ: अपने पुराने कपड़े मंगनी के कपड़ों से अच्छे हैं।

फारसी:

चु सायल अज़ तो बज़री तलब कुनद चीज़े,

बेदेह बगर न सितमगर बजशेर बसितानद।

हिंदी में भावार्थ: दोनों को दे, वर्ना छीनकर ले लेंगे।

 

फारसी: सखुनश तल्ख न ख्‍़वाहो दहनश शीरीं कुन।

हिंदी में भावार्थ: अगर किसी की कड़वी बात नहीं सुनना चाहे तो उसका मुंह मीठा कर।

फारसी:

 मोरचगांरा चु बुवद इत्तफ़ाक,

शेरेजि़या रा बदरारूद पोस्त।

हिंदी में भावार्थ: अगर चिउटियॉं एका कर लें, तो शेर की खाल खींच सकती हैं।

फारसी:हुनर बकार न आयद चु बख्‍़त बदशाह।

हिंदी में भावार्थ: भाग्यहीन मनुष्य के गुण भी काम नहीं आते।

फारसी:हरकि सुखन न संजद अज़ जवाब बरंजदा।

हिंदी में भावार्थ: जो आदमी तौलकर बात नहीं करता उसे कठोर बातें सुननी पड़ती हैं।

 

फारसी: अन्दक अन्दक बहम शवद बिसियार।

हिंदी में भावार्थ: एक-एक दाना मिलकर ढेर हो जाता है।

फारसी:

अगर शहरोज़ रा गोयद शबस्त इं,

बबायद गुफ़त ईनक माहो परवीं।

हिंदी में भावार्थ: अगर बादशाह दिन को रात कहे तो कहना चाहिए कि हाँ, हुजूर, देखिये चांद निकला हुआ है।

फारसी:

दरोग़े मसलहत आमेज़ बेह,

अज़ रास्ती फि़तना अंगेज़।

हिंदी में भावार्थ: वह झूठ जिससे किसी की जान बचे उस सच से उत्‍तम है जिससे किसी की जान जाय।

फारसी:

गर यस्त सुख़न गोई ब दर बन्द ब मानी,

बेह जशंकि दरोग़त देहद अज़ बन्द रिहाई।

हिंदी में भावार्थ: यदि सच बोलने से तुम कैद हो जाओ तो यह उस झूठ से अच्छा है जो कैद से मुक्त कर दे।