अब प्यार तो हो गया, इकरार भी हो गया, मगर शादी पर बात आकर अटक गई, क्योंकि परिवार वाले दोनों की शादी के खिलाफ थे, मगर रोमी, कपिल से इतना प्यार करती थीं कि उन्होंने घर से भागकर शादी की बात तक कह दी थी. ये वो दौर था जब लव मैरिज करना या घर से भागकर शादी करना कोई छोटी-मोटी बात नहीं हुआ करती थी. जहां रोमी किसी भी तरह से कपिल से शादी करना चाहती थीं तो वहीं कपिल घरवालों से भागकर शादी नहीं करना चाहते थे, उन्हें लगता था कि अगर हम घरवालों को दुखी करेंगे तो खुश नहीं रह पाएंगे. 

इस बारे में कपिल ने अपने इंटरव्यू में खुलासा करते हुए कहा था, 'रोमी और मैं हर दिन फोन पर लंबी-लंबी बातें किया करते थे, जिसकी वजह से फोन का बिल बहुत तगड़ा आने लगा. लंबा चौड़ा बिल देखकर रोमी के पिता ने अपने घर से एसटीडी कॉल की सुविधा कटवा दी और मेरे बड़े भाई ने भी यहां यही काम किया, लेकिन हमने भी हार नहीं मानी और एक तरकीब निकाली कि जब भी मैं जहां भी क्रिकेट खेलने जाता तो घंटा भर पहले ही एयरपोर्ट पहुंच जाया करता और वहां से रोमी को कॉल करता था. फिर जब घरवालों को पता चला कि ये दोनों नहीं मानेंगे तो उन्हें भी हमारे प्यार के सामने झुकना पड़ा, फिर उसके बाद  साल 1980 में दोनों परिवारों की सहमति से हमारी शादी हुई.'